आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम जिले के भीमुनिपटनम में एक KGBV हॉस्टल से हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां कक्षा 9 में पढ़ने वाली करीब 10 छात्राओं की चोटियां रात में सोते समय काट दी गईं। सुबह जब छात्राएं उठीं तो उन्हें अपनी चोटी कटी हुई मिली, जिसके बाद हॉस्टल में हड़कंप मच गया। घटना 16 सितंबर की रात की बताई जा रही है और मामला 20 सितंबर को सामने आया।
दो कमरों में सो रही थीं छात्राएं
रिपोर्ट के मुताबिक KGBV में कक्षा 9 की करीब 38 छात्राएं हैं, जिन्हें दो कमरों में ठहराया गया था। एक कमरे में 20 छात्राएं सो रही थीं, जिनमें से 6 की चोटियां काटी गईं, जबकि दूसरे कमरे में 18 छात्राओं में से 4 की चोटियां कटी मिलीं।
छात्राओं ने सुबह उठने के बाद घटना की जानकारी हॉस्टल प्रबंधन और प्रिंसिपल को दी। इसके बाद मामला स्थानीय अधिकारियों और पुलिस तक पहुंचा।
एक खास पैटर्न ने बढ़ाया शक
जांच में सामने आया एक महत्वपूर्ण तथ्य यह है कि दो चोटियां रखने वाली छात्राओं के बाल नहीं काटे गए, जबकि एक ही चोटी रखने वाली छात्राओं के बाल काटे गए। इस पैटर्न ने जांच को और पेचीदा बना दिया है।
हॉस्टल में सुरक्षा व्यवस्था होने के कारण यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर रात के समय किसी बाहरी व्यक्ति ने अंदर प्रवेश कैसे किया।
क्या अंदर के किसी व्यक्ति का हाथ?
घटना के बाद शुरुआती तौर पर बाहरी व्यक्ति के हॉस्टल में घुसने की आशंका जताई गई। लेकिन सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए हॉस्टल में मौजूद किसी व्यक्ति या छात्रा की भूमिका की संभावना को भी जांच के दायरे में रखा गया है। हालांकि, पुलिस ने अभी किसी व्यक्ति को आरोपी नहीं बताया है और किसी निष्कर्ष की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
CCTV फुटेज और छात्राओं से पूछताछ
पुलिस मामले की जांच के दौरान उपलब्ध CCTV फुटेज और अन्य सबूतों की जांच कर रही है। अधिकारियों ने छात्राओं से भी जानकारी ली है ताकि यह पता लगाया जा सके कि रात में हॉस्टल में किसी संदिग्ध गतिविधि या व्यक्ति की मौजूदगी थी या नहीं।
भीमुनिपटनम के विधायक गंटा श्रीनिवास राव ने भी हॉस्टल पहुंचकर छात्राओं और प्रबंधन से घटना की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
अभिभावकों में भी चिंता
घटना के बाद छात्राओं के अभिभावकों को इसकी जानकारी दी गई। सुरक्षित माने जाने वाले आवासीय स्कूल के अंदर इस तरह की घटना सामने आने से अभिभावकों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। अधिकारियों ने मामले की जांच पूरी होने के बाद जिम्मेदार व्यक्ति या व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।
अभी साफ नहीं हुआ कि बाल किसने काटे
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि छात्राओं की चोटियां किसने और किस उद्देश्य से काटीं। पुलिस जांच जारी है और उपलब्ध CCTV फुटेज, छात्राओं के बयान तथा अन्य सबूतों के आधार पर घटना की कड़ी जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
इसलिए सोशल मीडिया पर चल रहे किसी भी अनुमान या अफवाह को तथ्य मानना जल्दबाजी होगी। जांच पूरी होने के बाद ही घटना के पीछे की वास्तविक वजह और जिम्मेदार व्यक्ति का पता चल सकेगा।